क्या घर से भागकर साधी करना सही फैसला है?

क्या घर से भागकर साधी करना सही फैसला है?

हेल्लो दोस्तों आज एकबार फिर से आप सभीको internet sikho में बहुत बहुत स्वागत है.दोस्तों आजके दिन में लड़का लडकियों के बिच में   प्यार व्यार का चक्कर बहुत देखने को मिलता है ,लेकिन बात तब आता है सामने जब  एक दुसरे को साधी करने का फैसला लेता है .और उन्हें कही ना कही मन ही मन में एक दर पैदा हो जाता है की उनके घर वाले उन दोनों का प्यार को मानेगा या नहीं ,और जब घर वालो को पाता चल ही जाता है और उन्हें यह रिश्ता मंजूर नहीं होते और उन दोनों को अलग करने में लागे पड़े रहते है.और उसी समय उन दोनों आपने प्यार को कभी खोना नहीं चाहते है ,और वोह घर से भागकर साधी करने का फैसला लेता है.और वोह एक नए दुनिया बासाने में लाग पड़ते है.लेकिन क्या घर से भागकर साधी करने का फैसाल सही है ?यह पोस्ट में आपको बाताने वाला हु की क्या सही है और क्या गलत  है?

घर से भागकर साधी करने का फैसला सही है या फिर गलत?

दोस्तों जब हामे प्यार होता है तब तोह हामे बहुत मजा आता है ,लेकिन जब हामे प्यार में कोई बड़ी फैसला लेना होता है तब आसली इमेज सामने आता है की कितना है दम आपके प्यार में .एक तरफ वोह प्यार जोह कुछ साल पहले ही आपके जीबन में आया और उसने सिर्फ आपको प्यार किया और दूसरी तरफ वोह प्यार जोह की आपके जनम से लेकर अबतक किया जोह आपके माँ बाप है वोह आब तक किया और साथ साथ उन्होंने आपको वोह सबकुछ भी दिया जोह आपकी ज़िन्दगी के लिए काफी कुच्छ होता है.अब आपके मन में यह चल राहा होगा तब की किसका प्यार देखे और किसका प्यार ना देखे?माँ बाप के प्यार जोह की तुम्हारे बचपन से लेकर अबतक का के प्यार को अहमियत दे या फिर कुछ साल पहले किया उसके प्यार जोह आपके ज़िन्दगी बनकर आये उसके प्यार को.लेकिन जोह सच्चे प्यार करते है उसके मन में यह सवाल नहीं आता है वोह तोह बस प्यार देखता है प्यार.लेकिन जब इस मामले में में गहराई से सोचा की घर से भागकर साधी करना यह फैसला सही है या गलत .तब मुझे ऐसा लागा की हां घर से भागकर साधी करने का फैसला एकदम सही है जब आपके माँ बाप आपके प्यार कोण नहीं मानते है ,और आपको उससे साधी करने के लिए माना करते है,और जब वोह आपको आपना बाछा ना समझकर वोह आपना अधिकार समजने लागे.और जब किसी जात के नाम पार या किसी धर्म के नाम पार आपके प्यार के खिलाफ हो जाते है ,घर से भागकर साधी करना तभी सही है जब की आपके माँ बाप आपकी खुसी से जादा खुद की ख़ुशी के लिए इतना अहमियत देने लागे की उसके लिए वोह आपके सामने ऐसे नजर आते है जैसे एक बकरी वाला बकरी के बच्चे को बचपन से लेकर पालता पोस्ता है और उसके देख भाल करता है लेकिन उसका बड़ा होते ही वोह आपनी ख़ुशी के लिए उसका सौदा कर देते है.तोह इस हालत में  घर से भागकर साधी करना एकदम सही फैसला है.लेकिन आगर ऐसे हालत नहीं है और आपके माँ बाप सिर्फ आपकी खुसी के लिए या आपके उज्जल भाबिस्यत के लिए ही आपकी साधी आपके प्यार से होने के खिलाफ है तोह इन् हालत में आपको आपने घर छोरके घर से भागकर साधी करने के फैसला एकदम गलत होगा.क्यों की उसवक्त आपके माँ बाप के लिए आपकी ख़ुशी का मतलब है की आपको कभी भी किसी भी हाल में दुक्ष ना होने से लेकर ही है.आप भले कितने ही बड़े क्यों ना हो जाते हो लेकिन आपके माँ बाप के सामने आप हामेशा सदा bachha ही रहते हो और आपने बचो के लिए क्या सही और क्या गलत है वोह माँ बाप आपने हिसाब से तय करता है और उनकी तय की फैसला आपके लिए कभी गलत नहीं हो सकता है.कभी कभी हो भी जाता है क्यों की वोह सब कहीं न कही आपके किस्मत पार भी थोडा तय करता है.

दोस्तों ना तोह में यह सब बाताकर प्यार करने वालो के मन में कोई सावाल राखना चाहता हु और ना ही उनके माँ बाप के मन में क्यों की एक ने उससे ज़िन्दगी दिखाई और दुसरे ने उसके ज़िन्दगी बानाए है.अब उस समय किसका साथ दे और किसका साथ छोरे यह एक ऐसा जटिल सावाल है की जिसपर कुछ भी सही राइ देना ना दिल के खेत्रो में है और ना ही दिमाग के बस में है .ऐसे कठिन सावाल पार आगर में आपना राइ दूंगा तोह येही दूंगा की ना तोह उसका साथ छोर दो जिन्होंने तुम्हे एक ज़िन्दगी दी है और ना ही उनका साथ छोरो जिन्होंने तुम्हे आपनी ज़िन्दगी बानायी है.दोनों के साथ लेकर आपनी ज़िन्दगी जीने का प्रयास करे.

क्या घर से भागकर साधी करना सही फैसला है?

किस हालत में घर से भागकर साधी करने का फैसला लेना चाहिए?

जब देखो की आपके माँ बाप किसी बाहाना बनाते है जैसे धर्म ,जात पात ,समाज को लेकर तुम्हारे प्यार के साथ तुम्हारी साधी ना करवाकर कही और आपके साधी करवाना चाहते है तोह आप किसी और से साधी करने से माना कर दो लेकिन लेकिन उनके मान सम्मान के खातिर आपने प्यार के साथ घर से भागकर साधी करने का फैसला ना ले.और उन्हें सीधा सीधा कह दो की आगर तुम आपने प्यार के नहीं हो सकते तोह फिर और किसी के भी नहीं हो सकते है.और ऐसा आप तभी करे जब आपके प्यार आपके नजर में हर जागाह से सही और सच्चा हो.फालतू में कुछ भी हो जाए मगर आपके माँ बाप का दिल किसी भी हालत में दुखाना नहीं और घर से भागकर उन्हें इस बात से सर्मिन्दा भी कभी ना होने देना की तुम उनके बच्चे हो.

और जिससे आप प्यार करते है और वोह सच्चा है आपके प्यार के खातिर तोह किसी भी कीमत पार उसका साथ नहीं छोरना और उसके लिए कभी आपने माँ बाप का साथ भी मत छोरना .  और  दोनों का साथ दिल से ही निभाना और आगर कही पार आपके माँ बाप आप पार किसी दुसरे से साधी करने का प्रेशर बानाने लागते है और उसके लिए आपको मारने पीटने के तक चला जाता है तब आपको आपके माँ बाप आपके माँ बाप ना रहकर एक सौदागर में बदल जाते है.और ऐसे सौदगेर जोह आपने अहम् और आपनी ख़ुशी के लिए आपने बच्चे के ख़ुशी के बारे में ज़ारा सा भी नहीं देखते है.और हालत में आपको जादा कुछ ना कहकर येही कहना चाहूँगा की करो वोही जोह आगे जाकर आपके मन को शांति और सकून मिले.फिर चाहे आपका वोह करना आपके आपने प्यार को छोरने से हो या फिर आपने प्यार के लिए आपने माँ बाप को छोरने से.

तोह दोस्तों आजके पोस्ट में इतना ही ,और मुझे पूरा उम्मीद है की इस पोस्ट से आपको आपके प्यार के लिए घर से भागकर साधी करने का फैसला सही या गलत होगा वोह अब आप बहुत आसानी से तय कर सकते है.और इस पोस्ट से जुड़े हुए आपके मन में कोई सावाल है तोह आप इस पोस्ट के निचे कमेंट करके बाताना ना भूले और भी अगर आपके जीबन में प्यार को लेकर कोई भी समस्या है तोह आप मुझे कमेंट करके बात सकते है में जरुर आपके प्यार के लिए मदत करने का कौशिश करूँगा.और ऐसे ही हरदिन एक नए नए पोस्ट आपके मेल बॉक्स में पाने के लिए internet sikho को subscribe करना ना भूले.कृपया  subscribe करके हमारे मनोबलोता  को आगे  बढ़ाये  और हामे आगे और भी आछे से आछे जानकरी देकर आपके  मदत करने मे सहयोग दे.

हेल्लो दोस्तों मेरा नाम मिथुन है,और में इस वेबसाइट को 2016 में बानाया हु.और इस वेबसाइट को बानानेका मेरा मूल मकसद यह है की लोगो को इन्टरनेट के माध्यम से हिंदी में इन्टरनेट की जानकारी प्रदान करना.इसीलिए इस वेबसाइट का नाम Internetsikho राखा गया है.

3 COMMENTS

  1. 2 sal se relation mai hu me sikh family ki hu hor ladka bhi sardar h but ladka hindu sikh h mere parent’s raji nhi h ladke ka aapna ghr nhi h hor abhi vo mere se chota bhi h age mai 1 sal but we love each other a lot ab mai kya kro

  2. Hame bhi Ghar se bhagkar shadi karni h hamari age 18 h or us ladke ki 19 hamari kast ek hi h but hum dono me se kisi ki family ready nii ho ri hum us se bahut pyar karte or vo hamse to pls help me pls 🙏

    • abhi aap dono ke umar bahut kam hai,isliye aaplogo ke liye bhag jane ka faisala lena galat bhi ho sekta hai aage jake.isliye aur thoda ek dusre ko samjhe thoda matured bane uske baad aagar aap dono mein se payar pehla jaisa hi rahta hai aur ek dusre ke upar trust bane rahta hai tab aap dono ke marji se sadhi kar sekte hai.aur ha dhyan rakhe ki ghar se bhagkar sadhi karne ka faisala tabhi le jab aap khud kuch kar sekte ho,mera kehne ka matlab hai kisi ke bharose me na raho.

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